घरौंडा:- 8 जुलाई(प्रवीन सोनी)
महिलाओं को ढाल बनाकर उपद्रव करने वालों की अब खैर नहीं। हरियाणा पुलिस इनसे कानूनी तौर पर निपटने को तैयार है इसके लिए हरियाणा पुलिस अकादमी मधुबन में 435 महिला पुलिसकर्मी आरएएफ से दंगा विरोधी उपकरणों एवं तकनीकों का प्रशिक्षण ले रही हैं। इन महिला प्रशिक्षणार्थियों ने आज यहां दीक्षांत परेड ग्राउंड में दंगा विरोधी जोशीली प्रस्तुति भी दी। इस अवसर पर विशेष रूप से उपस्थित हरियाणा के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, कानून एवं व्यवस्था बीएस संधू ने महिला प्रशिक्षणार्थियों की अनुशासित प्रस्तुति की तारीफ करते हुए कहा कि व्यक्ति हौंसले से ही मजबूत होता है।
दंगा विरोधी परेड़ करते प्रशिक्षार्थी। छाया-तेजबीर
श्री संधू ने कहा कि हरियाणा में महिलाओं को समाज में अभी तक वह दर्जा प्राप्त नहीं हुआ है जिनकी वे हकदार हैं। उन्होंने कहा कि धरने, प्रदर्शनों में महिलाओं और बच्चों को आगे करना दुर्भाग्यपूर्ण है। श्री संधू ने उपस्थित महिला प्रशिक्षुओं का आह्वान करते हुए कहा कि वे प्रशिक्षण को मन लगाकर पूरा करें, पढ़ें तथा मजबूत बनकर समाज में औरतों के हितों की रक्षा करें और उन्हें बराबरी का दर्जा दिलाने के लिए कार्य करें। श्री संधू ने कहा कि हरियाणा पुलिस में आगामी दो सालों में महिला पुलिसकर्मियों की संख्या 5500 हो जाएगी।
दंगा विरोधी प्रस्तुति में सडक़, चौराहों, मैदान, भारी भीड़ के समय की जाने वाली कार्यवाही के प्रदर्शन के साथ संयमित बल के प्रयोग का भी नमूना दिखाया गया। प्रस्तुति में दंगा नियंत्रण दल का नेतृत्व हाकी खिलाड़ी तथा वर्तमान में अकादमी में प्रशिक्षण प्राप्त कर रही उप पुलिस अधीक्षक ममता खर्ब ने किया। महिला पुलिसकर्मियों का इस दौरान हौंसला एवं उत्साह देखते ही बनता था।
मधुबन अकादमी में दंगा विरोधी परेड़ देखते पुलिस अधिकारी|छाया-तेजबीर
इस अवसर पर अकादमी के निदेशक श्री सुधीर चौधरी ने जानकारी दी कि अकादमी ऊंचे दर्जे के प्रशिक्षण के लिए हमेशा प्रयासरत् रही है। यहां सिखलाई के लिए अपने-अपने क्षेत्र के विशेषज्ञों की सेवाएं ली जाती हैं। हिंसात्मक उपद्रवों से निपटने के लिए आरएएफ पेशेवर तरीके से कार्य करती है इसलिए इनके बेहतर अनुभव का उपयोग इस अकादमी में दंगा नियंत्रण प्रशिक्षण के लिए किया जा रहा है। आरएएफ के प्रशिक्षण दल में 6 महिलाएं व 4 पुरुष है जिनमें से उप निरीक्षक रूखसाना खान सहित अन्य प्रशिक्षकों ने राजस्थान एवं जम्मू में हुए हिंसक उपद्रवों का सामना किया है। इस प्रकार इनके व्यवाहारिक अनुभवों का लाभ भी प्रशिक्षण में मिलेगा।
उन्होंने कहा कि हरियाणा पुलिस के महानिदेशक श्री रंजीव दलाल, उत्कृष्ट प्रशिक्षकों की उपलब्धता के लिए सेना, अर्धसैनिक बलों तथा निजी क्षेत्र के अधिकारियों से सीधे तौर पर संपर्क करते हैं जिसका सीधा फायदा हरियाणा पुलिस को पेशेवर ज्ञान के रूप में होता है।
इस प्रस्तुति के समय अकादमी के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों सहित प्रशिक्षक एवं प्रशिक्षणार्थी उपस्थित रहे|


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